Skip to main content
Header Line
Header Line

Navratri 2020 Day 1 Maa Shailputri Puja Vidhi: मनोकामना पूर्ति के लिए इस विधि से पूजा करने की है मान्यता, जानिये

Navratri 2020 Day 1, Maa Shailputri Puja Vidhi, Timings, Mantra, Muhurat, Aarti: नवरात्र के महापर्व की शुरुआत 17 अक्तूबर, शनिवार से हो रही है। नवरात्र के पहले दिन मां शैलपुत्री की आराधना करने का विधान है।

shardiya navratri, navratri, navratri 2020, navratri 1st day, shardiya navratri 2020, shardiya navratri 1st day, shardiya navratri 1st day puja, shardiya navratri 1st day puja vidhi, shardiya navratri 1st day puja mantra, navratri 1st day puja vidhi, navratri 1st day puja mantra, navratri 1st day puja samagri, navratri 1st day puja muhurat, maa shailputri, maa shailputri puja vidhi, maa shailputri
shardiya navratri, navratri, navratri 2020, navratri 1st day
नवरात्र के पहले दिन शैलपुत्री माता की आराधना की जाती है।

Navratri 2020 Day 1, Maa Shailputri Puja Vidhi, Timings, Mantra, Muhurat, Aarti: नवरात्र के महापर्व की शुरुआत 17 अक्तूबर, शनिवार से हो रही है। नवरात्र के पहले दिन मां शैलपुत्री की आराधना करने का विधान है। मां शैलपुत्री की पर्वतराज हिमालय की पुत्री के रूप में पूजी जाती हैं। इनका रूप सौम्य और शांत है। सफेद वस्त्र धारण की हुईं इन देवी के चेहरे पर हमेशा मुस्कान रहती है। माना जाता है कि देवी शैलपुत्री की आराधना करने से तामसिक तत्वों से मुक्ति मिलती है। नवरात्र के पहले दिन उनकी आराधना करना बहुत शुभ माना जाता है। कहते हैं कि माता शैलपुत्री का नाम लेने से घर में पवित्रता आती है।

नवरात्र के प्रथम व्रत की पूजा विधि (Shailputri Mata Ki Puja Vidhi)
नवरात्र के पहले दिन सूर्योदय से पूर्व उठें। फिर स्नान कर साफ कपड़े पहनें। एक चौकी पर देवी की प्रतिमा या फोटो स्थापित करें। गंगाजल से स्थान पवित्र कर धूप, दीप और अगरबत्ती जलाएं। शुभ मुहूर्त में घटस्थापना और कलश स्थापना करने बाद माता शैलपुत्री के रूप का ध्यान करें। फिर शैलपुत्री माता के व्रत का संकल्प लें। शैलपुत्री माता की कथा, आरती, दुर्गा चालीसा, दुर्गा स्तुति और दुर्गा स्तोत्र का पाठ करें। फिर माता की आरती करें। जयकारों के साथ पूजा संपन्न करें। इसके बाद देवी को फल-मिठाई का भोग लगाएं। इसी विधि संध्या आराधना भी करें। साथ ही भोग भी लगाएं।

शैलपुत्री माता मंत्र (Shailputri Mata Mantra)

ॐ ऐं ह्रीं क्लीं चामुण्डाय विच्चे ॐ शैलपुत्री देव्यै नम:।

ॐ शं शैलपुत्री देव्यै: नम:।

वन्दे वांच्छित लाभाय चंद्रार्धकृतशेखराम्‌।
वृषारूढ़ां शूलधरां शैलपुत्रीं यशस्विनीम्‌॥

ॐ या देवी सर्वभूतेषु मातृरूपेण संस्थिता।
नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमो नमः॥

ॐ शैलपुत्रै नमः।

शैलपुत्री व्रत पूजा की सामग्री (Shailputri Vrat Puja Ki Samagri): कलावा, लाल कपड़ा, चौकी, कलश, कुमकुम, लाल झंडा, पान-सुपारी, कपूर, जौ, नारियल, जयफल, लौंग, मिश्री, बताशे, आम के पत्ते, कलावा, केले, घी, धूप, दीपक, अगरबत्ती, माचिस, ज्योत, मिट्टी, मिट्टी का बर्तन, एक छोटी चुनरी, एक बड़ी चुनरी, माता का श्रृंगार का सामान, देवी की प्रतिमा या फोटो, फूलों का हार, उपला, सूखे मेवे, मिठाई, लाल फूल, गंगाजल और दुर्गा सप्तशती या दुर्गा स्तुति आदि।

शैलपुत्री माता की आरती (Shailputri Mata Ki Aarti)

शैलपुत्री मां बैल पर सवार। करें देवता जय जयकार।
शिव शंकर की प्रिय भवानी। तेरी महिमा किसी ने ना जानी।

पार्वती तू उमा कहलावे। जो तुझे सिमरे सो सुख पावे।
ऋद्धि-सिद्धि परवान करे तू। दया करे धनवान करे तू।

सोमवार को शिव संग प्यारी। आरती तेरी जिसने उतारी।
उसकी सगरी आस पुजा दो। सगरे दुख तकलीफ मिला दो।

घी का सुंदर दीप जला के। गोला गरी का भोग लगा के।
श्रद्धा भाव से मंत्र गाएं। प्रेम सहित फिर शीश झुकाएं।

जय गिरिराज किशोरी अंबे। शिव मुख चंद्र चकोरी अंबे।
मनोकामना पूर्ण कर दो। भक्त सदा सुख संपत्ति भर दो।

Post a comment

0 Comments

KShare - Shayari Quotes Wishes SMS KShare™ - Shayari Quote Wishes SMS
Team of KJMENIYA
x